कुछ करने आए हैं, कुछ कर दिखाने आए हैं,


हम यहां अपने ख्वाबों को पूरा करने आए है।


नील आर्मस्ट्रांग ना सही , कल्पना तो बन सकते हैं


नासा में न सही चांद पर कदम जमाने आए है।


ना बदलो का खौफ है, ना आंधियों का खौफ है


Rcc IIT के सिचे हुए मिट्टी से आशियां बनाने आए है।


कुछ कर गुजरने का जज्बा हैं हम में इसलिए,


साहब - इल्म शिक्षकों को हम रहनुमा बनाने आए है।


कर रहे हो नामचीन हस्तियों की बात क्यों,


हम यहां खुद को भी नामचीन बनाने आए है।


बन सको तो बन जाओ मेरी तरह ऐ दोस्तो,


हम यह rcc iiT का नाम रौशन करने आए है।


झोंक देंगे मुंह पे हम, धूल उनके ऐ 'शरीफ़


जो पीठ पीछे हिंद को हिन्दसा' बनाने आए है\

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